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विद्यार्थियों ने जल विद्युत उत्पादन की प्रक्रिया को नजदीक से देखा

साहिया: सरदार महिपाल राजेंद्र जनजातीय (Sardar Mahipal Rajendra Tribal) (पी.जी.) कॉलेज, साहिया के भूगोल विभाग के छात्र-छात्राओं ने आज कोटी इछाड़ी बांध और छिबरौ पावर हाउस का शैक्षिक भ्रमण किया। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को परंपरागत और गैर-परंपरागत जल संसाधनों की जानकारी प्रदान करना और जल विद्युत परियोजनाओं की कार्यप्रणाली से अवगत कराना था। भ्रमण के दौरान छात्रों ने कोटी इछाड़ी बांध की संरचना, उसकी जल संग्रहण क्षमता, और सिंचाई पर इसके प्रभाव के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की।

इसके बाद, छिबरौ पावर हाउस में छात्रों ने जल विद्युत उत्पादन की प्रक्रिया को नज़दीक से देखा और टर्बाइन संचालन तथा बिजली उत्पादन की तकनीकी जानकारियां पावर हाउस के विशेषज्ञों से सीखी। इस जानकारी से छात्रों के व्यावहारिक ज्ञान में महत्वपूर्ण वृद्धि हुई। भूगोल विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. रवि कुमार ने बताया कि इस प्रकार के शैक्षिक भ्रमण छात्रों के लिए अत्यंत लाभकारी होते हैं, क्योंकि यह उन्हें प्राकृतिक संसाधनों के उपयोग और संरक्षण के व्यावहारिक पहलुओं से जोड़ते हैं। उन्होंने कहा कि यह भ्रमण छात्रों को क्षेत्रीय विकास और संसाधनों के सतत उपयोग की आवश्यकता से भी परिचित कराता है।

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छात्रों ने इस शैक्षिक भ्रमण में अत्यंत उत्साह के साथ भाग लिया और विशेषज्ञों से संवाद करते हुए अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। छात्रों का कहना था कि इस प्रकार की यात्राएं उनके अध्ययन को व्यावहारिक और सजीव बनाती हैं, जिससे उन्हें विषयों को गहराई से समझने में मदद मिलती है। इस भ्रमण में भूगोल विभाग के कनिष्ठ सहायक रीता तोमर, जे.ई. किशोर सिंह ऐरी, और कर्मचारी दर्शन सिंह के साथ अनेक छात्र-छात्राएं भी शामिल रहे।

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